पटना: बिहार में फूड सेफ्टी विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए SOBISCO कंपनी के ‘Hum Tum Crackers’ बिस्किट की बिक्री पर अस्थायी रोक लगा दी है। यह फैसला उस समय लिया गया जब राज्य के विभिन्न बाजारों से लिए गए नमूनों की जांच में यह उत्पाद स्वास्थ्य के लिए असुरक्षित पाया गया।
फूड सेफ्टी विभाग द्वारा एकत्र किए गए सैंपल्स की जांच NABL मान्यता प्राप्त प्रयोगशाला में कराई गई थी। जांच रिपोर्ट में सामने आया कि बिस्किट में प्रिजर्वेटिव, खासकर सल्फाइट की मात्रा निर्धारित मानक से अधिक है, जो लंबे समय तक सेवन करने पर स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकता है।
15 दिनों के लिए पूर्ण प्रतिबंध
फूड सेफ्टी कमिश्नर ने तत्काल प्रभाव से आदेश जारी करते हुए इस बिस्किट के सभी बैचों के निर्माण, भंडारण, परिवहन, क्रय-विक्रय पर 15 दिनों के लिए पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया है। दुकानदारों को निर्देश दिया गया है कि वे इस उत्पाद की बिक्री तुरंत बंद करें और स्टॉक को बाजार से हटाकर वापस करें या नष्ट करें।
कौन सा बैच सबसे ज्यादा प्रभावित
रिपोर्ट के अनुसार, बैच संख्या JU/C53 विशेष रूप से जांच में फेल पाया गया। इस बैच का निर्माण 21 अक्टूबर 2025 को हुआ था और इसकी एक्सपायरी 20 जुलाई 2026 बताई गई है। यह बिस्किट मुख्य रूप से 41 ग्राम के पैकेट में बिक रहा था। हालांकि, जांच में समान समस्या मिलने के कारण सभी बैचों पर प्रतिबंध लागू किया गया है।
जिलों में छापेमारी तेज
राज्य सरकार ने सभी जिलाधिकारियों (DM) और पुलिस अधीक्षकों (SP) को सख्ती से आदेश का पालन सुनिश्चित करने को कहा है। मुंगेर, तारापुर, असरगंज, छपरा, सीवान और गोपालगंज सहित कई जिलों में प्रशासन ने छापेमारी शुरू कर दी है और दुकानों से बिस्किट के पैकेट जब्त किए जा रहे हैं।
उल्लंघन पर सख्त कार्रवाई
प्रशासन ने साफ किया है कि प्रतिबंध के बावजूद बिक्री करने वालों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। कुछ जगहों पर बैन के बाद भी बिक्री के वीडियो सामने आए हैं, जिन पर कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
स्वास्थ्य के लिए क्यों खतरनाक
विशेषज्ञों के अनुसार, अधिक मात्रा में सल्फाइट या अन्य प्रिजर्वेटिव का सेवन एलर्जी, सांस की समस्या और अन्य स्वास्थ्य संबंधी दिक्कतें पैदा कर सकता है। विभाग का कहना है कि उपभोक्ताओं की सुरक्षा को देखते हुए यह कदम जरूरी था और यह कार्रवाई FSSAI के नियमों के तहत की गई है।
उपभोक्ताओं के लिए एडवाइजरी
फूड सेफ्टी विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे इस बिस्किट का सेवन न करें। जिन उपभोक्ताओं के पास यह उत्पाद मौजूद है, वे इसे तुरंत वापस करें या नष्ट कर दें। खासतौर पर बच्चों और एलर्जी से पीड़ित लोगों को इससे दूर रहने की सलाह दी गई है।
आगे क्या होगा
15 दिनों के बाद स्थिति की समीक्षा की जाएगी। यदि उत्पाद सुरक्षित पाया गया तो प्रतिबंध हटाया जा सकता है, अन्यथा कार्रवाई और सख्त हो सकती है। फिलहाल, कंपनी की ओर से इस मामले पर कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।
