नालंदा : नालंदा जिले में औद्योगिक गतिविधियों को बढ़ावा देने और उद्यमियों की समस्याओं के त्वरित समाधान के उद्देश्य से गुरुवार को जिला पदाधिकारी श्रीमती उदिता सिंह की अध्यक्षता में ‘उद्योग वार्ता’ कार्यक्रम आयोजित किया गया। बैठक में जिले के विभिन्न औद्योगिक प्रतिष्ठानों के संचालकों एवं प्रतिनिधियों ने भाग लिया और अपनी समस्याओं एवं आवश्यकताओं से जिला पदाधिकारी को अवगत कराया।

कार्यक्रम का संचालन जिला उद्योग केंद्र, नालंदा के महाप्रबंधक सह संयोजक धनजी कुमार की देखरेख में हुआ। बैठक में सनातनमणी पेपर मिल, न्यूटन पाइप इंडस्ट्री, पटेल एग्री इंडस्ट्रीज, निर्मल ऑक्सीजन इंडस्ट्रीज, शिवा लेबोरेटरीज प्राइवेट लिमिटेड, महर्षि कृषि उद्योग, राणा कंस्ट्रक्शन, सोलंकी फूड्स, जुदार प्लास्टिक इंडस्ट्रीज, बायो ऑर्गेनिक पेंट्स एवं मॉड्यूलर क्रिएशन समेत विभिन्न औद्योगिक इकाइयों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।

बिजली ट्रिपिंग की समस्या पर डीएम ने लिया संज्ञान

बैठक में उद्यमियों ने अनियमित विद्युत आपूर्ति और बार-बार बिजली ट्रिपिंग की समस्या को प्रमुखता से उठाया। उद्यमियों ने बताया कि बिजली की समस्या के कारण उत्पादन प्रक्रिया प्रभावित होती है और औद्योगिक इकाइयों को आर्थिक नुकसान भी उठाना पड़ता है।

मामले को गंभीरता से लेते हुए जिला पदाधिकारी ने विद्युत विभाग के संबंधित कार्यपालक अभियंताओं को बिजली ट्रिपिंग की समस्या के स्थायी समाधान के लिए तकनीकी उपायों को प्राथमिकता के आधार पर लागू करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि विद्युत आपूर्ति में अनावश्यक व्यवधान के कारण औद्योगिक उत्पादन प्रभावित नहीं होना चाहिए।

विभागीय अधिकारियों को त्वरित कार्रवाई के निर्देश

उद्यमियों की समस्याओं के अंतर-विभागीय एवं त्वरित निष्पादन के लिए संबंधित विभागों के अधिकारी भी बैठक में उपस्थित रहे। इनमें जिले के सभी विद्युत प्रमंडलों के कार्यपालक अभियंता, आरडब्ल्यूडी हरनौत के कार्यपालक अभियंता, अग्रणी जिला प्रबंधक, जिला कृषि पदाधिकारी, BIADA के एरिया मैनेजर, श्रम अधीक्षक, GST के सहायक आयुक्त तथा जिला उद्योग केंद्र के अधिकारी शामिल थे।

जिला पदाधिकारी ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिया कि उद्यमियों से प्राप्त आवेदनों एवं शिकायतों पर संवेदनशीलता और तत्परता के साथ कार्रवाई करते हुए नियमानुसार समयबद्ध एवं त्वरित निष्पादन सुनिश्चित किया जाए।

उन्होंने कहा कि जिले में उद्योगों के सुचारू संचालन के लिए जरूरी बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करने के साथ-साथ विभिन्न विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करना आवश्यक है। प्रशासन का उद्देश्य नालंदा में ऐसा सुदृढ़, सुगम और अनुकूल औद्योगिक वातावरण तैयार करना है, जिससे जिले में औद्योगिक गतिविधियों और निवेश को बढ़ावा मिल सके।

नालंदा से संजय कुमार की रिपोर्ट