नालंदा : नालंदा अभियंत्रण महाविद्यालय, चंडी में उद्योग विभाग, बिहार सरकार द्वारा स्थापित स्टार्टअप सेल के तत्वावधान में ‘स्टार्टअप–बैंक कनेक्ट’ कार्यक्रम का सफल आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य जिले के स्टार्टअप संस्थापकों, नवाचारकर्ताओं और विद्यार्थियों को बैंकिंग सुविधाओं, वित्तीय सहायता, ऋण योजनाओं तथा उद्यम स्थापना एवं विस्तार के अवसरों से परिचित कराना था।

कार्यक्रम का शुभारंभ राष्ट्रगान और दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। इस अवसर पर महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. (डॉ.) गोपाल नंदन ने स्वागत संबोधन प्रस्तुत करते हुए अतिथियों, बैंक अधिकारियों, संस्थागत प्रतिनिधियों, उद्यमियों और विद्यार्थियों का अभिनंदन किया।
कार्यक्रम में जिला उद्योग केंद्र, नालंदा के महाप्रबंधक धनजी कुमार, नाबार्ड के जिला विकास प्रबंधक, अग्रणी जिला प्रबंधक, पंजाब नेशनल बैंक एवं बिहार ग्रामीण बैंक के प्रतिनिधि, भारतीय स्टेट बैंक की चंडी शाखा के प्रबंधक और विभिन्न बैंकों के जिला समन्वयक शामिल हुए। इसके अलावा जिला उद्योग केंद्र के परियोजना प्रबंधक बिजेंद्र कुमार सिंह, उद्योग विस्तार पदाधिकारी पूजा कुमारी तथा स्टार्टअप संस्थापक सनी प्रकाश और उपेंद्र वर्मा सहित करीब 120 छात्र-छात्राओं एवं अन्य प्रतिभागियों ने कार्यक्रम में भाग लिया।

कार्यक्रम के दौरान विशेषज्ञों और बैंक अधिकारियों ने स्टार्टअप के लिए उपलब्ध वित्तीय संसाधनों, बैंक ऋण प्राप्त करने की प्रक्रिया, विभिन्न सरकारी योजनाओं और व्यवसाय शुरू करने से जुड़ी व्यावहारिक चुनौतियों पर विस्तार से चर्चा की।
जिला उद्योग केंद्र के परियोजना प्रबंधक बिजेंद्र कुमार सिंह ने स्टार्टअप के विकास और वित्तीय सहायता के विभिन्न अवसरों की जानकारी दी। वहीं, उद्यमी सनी प्रकाश ने अपनी उद्यमशीलता की यात्रा साझा करते हुए इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों के क्षेत्र में उपलब्ध संभावनाओं और व्यवसाय के नए अवसरों पर प्रकाश डाला।

स्टार्टअप प्रकोष्ठ के प्रभारी डॉ. धीरेन्द्र कुमार ने कार्यक्रम में शामिल सभी अतिथियों एवं प्रतिभागियों के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने विद्यार्थियों को नए विचारों के साथ आगे बढ़ने और उन्हें व्यावहारिक रूप देकर सफल उद्यम में बदलने के लिए प्रेरित किया।

इस आयोजन से विद्यार्थियों और नवाचारकर्ताओं को स्टार्टअप स्थापित करने, बैंकिंग सुविधाओं का लाभ उठाने तथा वित्तीय सहायता प्राप्त करने की प्रक्रिया समझने का अवसर मिला। कार्यक्रम को युवाओं में उद्यमशीलता की भावना विकसित करने और नए व्यावसायिक विचारों को प्रोत्साहित करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।
नालंदा से संजय कुमार की रिपोर्ट
