पटना : पंचायती राज मंत्रालय, भारत सरकार की संयुक्त सचिव पलका सहनी की अध्यक्षता में आज पंचायती राज विभाग, बिहार के मुख्यालय, पटना में राज्य की त्रि-स्तरीय पंचायती राज संस्थाओं के सशक्तीकरण एवं जवाबदेही को बढ़ावा देने के उद्देश्य से एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई।
बैठक में पंचायती राज विभाग, बिहार के सचिव मनोज कुमार ने पावर प्वाइंट प्रस्तुतीकरण (पीपीटी) के माध्यम से केंद्र सरकार के सहयोग से विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं एवं कार्यक्रमों की अद्यतन प्रगति की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि राज्य की अनेक ग्राम पंचायतें स्थानीयकृत सतत विकास लक्ष्यों (LSDGs) की प्राप्ति के लिए प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही हैं।
संयुक्त सचिव पलका सहनी ने विभाग द्वारा किए जा रहे प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि आगामी वर्षों के लिए स्थानीय आवश्यकताओं एवं चुनौतियों को ध्यान में रखकर प्रभावी कार्ययोजना तैयार की जानी चाहिए, जिससे त्रि-स्तरीय पंचायती राज संस्थाओं को और अधिक सशक्त एवं जवाबदेह बनाया जा सके।
बैठक के दौरान भारत सरकार द्वारा विकसित पंचायत उन्नति सूचकांक (Panchayat Advancement Index) पर राज्य की ग्राम पंचायतों के प्रदर्शन को बेहतर बनाने तथा अधिकाधिक पंचायतों को राष्ट्रीय पंचायत पुरस्कार दिलाने की रणनीति पर भी चर्चा की गई। संयुक्त सचिव ने बेहतर प्रदर्शन करने वाली ग्राम पंचायतों को विभाग की ओर से विशेष सहयोग उपलब्ध कराने का सुझाव दिया।
इसके अतिरिक्त, पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के प्रभावी क्रियान्वयन पर चर्चा करते हुए उन्होंने राज्य में अधिक से अधिक गांवों को सोलर विलेज के रूप में विकसित करने हेतु विभागीय सहयोग सुनिश्चित करने पर बल दिया। वहीं मेरा गाँव मेरी धरोहर योजना के अंतर्गत ग्राम पंचायतों में स्थित पर्यटन स्थलों के विकास के लिए भी विभागीय स्तर पर आवश्यक सहयोग प्रदान करने का निर्देश दिया गया।
संयुक्त सचिव ने वित्त आयोग से प्राप्त अनुदान राशि के प्रभावी वित्तीय प्रबंधन पर विशेष जोर देते हुए कहा कि इन संसाधनों का उपयोग ग्राम पंचायतों की संस्थागत क्षमता को मजबूत करने के लिए किया जाना चाहिए। साथ ही उन्होंने पंचायतों को आय के अपने स्रोत विकसित कर आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर एवं सशक्त बनाने की दिशा में ठोस पहल करने की आवश्यकता पर बल दिया।
बैठक में पंचायती राज विभाग के निदेशक नवीन कुमार सिंह, अपर सचिव नजर हुसैन सहित विभाग के अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
