पटना : खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग, बिहार सरकार के अंतर्गत संकट प्रबंधन समूह (CMG) की छठी उच्च स्तरीय बैठक सोमवार को मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में राज्य में पाइप्ड नेचुरल गैस (PNG) कनेक्शन, घरेलू एलपीजी (LPG) सिलेंडर आपूर्ति और पेट्रोलियम उत्पादों की उपलब्धता की विस्तृत समीक्षा की गई। अधिकारियों ने बताया कि बिहार में गैस आधारित बुनियादी ढांचे का तेजी से विस्तार हो रहा है और राज्य के 20 जिले अब गैस नेटवर्क से जुड़ चुके हैं।
बिहार में तेजी से बढ़ रहा PNG नेटवर्क
राज्य में सिटी गैस डिस्ट्रीब्यूशन (CGD) नेटवर्क का विस्तार लगातार तेज गति से जारी है। 5 मई 2026 को सहरसा और 18 मई 2026 को बांका जिले के गैसयुक्त होने के बाद बिहार के कुल 20 जिले गैस नेटवर्क से जुड़ गए हैं।

पिछले वर्ष जहां हर महीने लगभग 3,000 से 3,500 PNG कनेक्शन दिए जा रहे थे, वहीं अप्रैल 2026 में यह आंकड़ा बढ़कर रिकॉर्ड 10,952 कनेक्शन प्रति माह तक पहुंच गया। मई माह में 18 तारीख तक ही 6,252 नए घरेलू PNG कनेक्शन लाइव किए जा चुके हैं।
राज्य में अब तक कुल 1.15 लाख घरेलू PNG कनेक्शन सक्रिय हो चुके हैं। वहीं पिछले दो महीनों में 70 नए औद्योगिक और वाणिज्यिक उपभोक्ताओं को जोड़े जाने से अप्रैल 2026 में गैस बिक्री में लगभग 27 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है।
LPG आपूर्ति सामान्य, अवैध कारोबार पर सख्ती
बैठक में जानकारी दी गई कि 18 मई 2026 तक बिहार में प्रतिदिन औसतन 3,59,391 LPG सिलेंडरों की रिफिल आपूर्ति की जा रही है। हालांकि राज्य में औसतन 4.33 दिनों का डिलीवरी बैकलॉग है, जिसे कम करने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।

एलपीजी की कालाबाजारी और अवैध भंडारण रोकने के लिए पूरे राज्य में बड़े पैमाने पर छापेमारी अभियान चलाया गया। अब तक 30,500 गैस एजेंसियों और 29,663 अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों की जांच की गई है। कार्रवाई के दौरान 2,333 अवैध सिलेंडर जब्त किए गए, 40 मामले आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत दर्ज हुए और 154 प्राथमिकी दर्ज की गई हैं।
पेट्रोल-डीजल की आपूर्ति पूरी तरह सामान्य
राज्य के सभी 3,590 पेट्रोल पंपों पर संचालन सामान्य बताया गया है। कृषि सीजन के कारण डीजल की मांग में वृद्धि दर्ज की गई है। मार्च 2026 की तुलना में डीजल की नोजल बिक्री में लगभग 10 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है।
मुख्य सचिव ने तेल कंपनियों Indian Oil Corporation, Bharat Petroleum, Hindustan Petroleum और GAIL को निर्देश दिया कि दूरसंचार टावरों और निर्माण कार्यों के लिए डीजल की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित की जाए।
लंबित PNG आवेदन जल्द निपटाने का निर्देश
बैठक में बताया गया कि राज्य में फिलहाल PNG कनेक्शन के लिए 31,774 आवेदन लंबित हैं। मुख्य सचिव श्री प्रत्यय अमृत ने सभी संबंधित एजेंसियों को अतिरिक्त मानव बल और ठेकेदारों की तैनाती कर मिशन मोड में लंबित आवेदनों के निपटारे का निर्देश दिया।

इसके साथ ही गैर-गैसयुक्त जिलों- कैमूर, सीवान, पूर्वी एवं पश्चिमी चंपारण समेत अन्य जिलों- में सिटी गेट स्टेशन (CGS) और डिस्ट्रिक्ट रेगुलेटिंग स्टेशन (DRS) के लिए भूमि आवंटन से जुड़े मामलों को शीघ्र सुलझाने के निर्देश दिए गए। मधुबनी जिले में लंबित वन विभाग की मंजूरी के मामले में भी तत्काल कार्रवाई करने को कहा गया।
मुख्य सचिव ने बैठक के अंत में स्पष्ट किया कि बिहार में वर्तमान समय में तेल और एलपीजी गैस को लेकर किसी प्रकार का गंभीर संकट नहीं है तथा सभी व्यवस्थाएं पूरी तरह नियंत्रण और निगरानी में हैं।
