गया: बिहार औद्योगिक क्षेत्र विकास प्राधिकार (BIADA) के प्रबंध निदेशक नवीन कुमार, भा.प्र.से. ने सोमवार को इंटीग्रेटेड मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर (IMC), गया के विकास कार्यों का स्थल निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने परियोजना के तहत चल रहे विभिन्न निर्माण एवं आधारभूत संरचना संबंधी कार्यों की प्रगति का जायजा लिया और संबंधित अधिकारियों से परियोजना की वर्तमान स्थिति की जानकारी ली।

निरीक्षण के बाद प्रबंध निदेशक की अध्यक्षता में परियोजना की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में निर्माण कार्यों की प्रगति, गुणवत्ता और समयबद्ध क्रियान्वयन को लेकर विस्तार से समीक्षा की गई। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्माण एवं आधारभूत संरचना से जुड़े कार्यों में तेजी लाने तथा निर्धारित समयसीमा के भीतर कार्य पूरा करने के निर्देश दिए।
कई विभागों के अधिकारियों ने लिया बैठक में हिस्सा
समीक्षा बैठक में BIADA के कार्यकारी निदेशक (संचालन) शंभू प्रसाद सिंह, कार्यकारी निदेशक (निवेश प्रोत्साहन) सुमन प्रसाद सिंह के साथ पथ निर्माण विभाग (RCD), जल संसाधन विभाग (WRD), विद्युत विभाग, परियोजना कंसल्टेंट EGIS तथा कॉन्ट्रैक्टर NKC के संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।

बैठक में परियोजना के अलग-अलग घटकों की प्रगति की समीक्षा करते हुए अधिकारियों के बीच बेहतर समन्वय और नियमित निगरानी पर भी जोर दिया गया।
अतिक्रमण की पहचान कर कार्रवाई के निर्देश
IMC गया परियोजना क्षेत्र में भूमि से जुड़े मामलों की भी समीक्षा की गई। इस दौरान शेरघाटी के अनुमंडल पदाधिकारी (SDM) और डोभी के अंचल अधिकारी (CO) को परियोजना क्षेत्र में मौजूद अतिक्रमण को चिन्हित करने और नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। प्रबंध निदेशक ने कहा कि परियोजना के विकास कार्यों में किसी प्रकार की बाधा नहीं आनी चाहिए। इसके लिए भूमि से संबंधित विषयों का समय पर समाधान सुनिश्चित करने की आवश्यकता है।
IMC गया के विस्तार पर भी फोकस

नवीन कुमार ने IMC गया के विस्तार और दीर्घकालिक विकास की संभावनाओं पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि वर्तमान परियोजना के विकास कार्यों को गति देने के साथ-साथ भविष्य की औद्योगिक जरूरतों को ध्यान में रखते हुए परियोजना के संभावित विस्तार की दिशा में भी आवश्यक कार्रवाई समानांतर रूप से की जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि IMC गया बिहार में आधुनिक औद्योगिक आधारभूत संरचना विकसित करने और निवेश को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण परियोजना है। परियोजना का समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण क्रियान्वयन क्षेत्र में औद्योगिक गतिविधियों को गति देने के साथ-साथ निवेश के लिए अनुकूल वातावरण तैयार करने में मदद करेगा।
नियमित निगरानी और समन्वय सुनिश्चित करने के निर्देश
प्रबंध निदेशक ने संबंधित विभागों, परियोजना कंसल्टेंट और निर्माण एजेंसी के बीच प्रभावी समन्वय सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही परियोजना की प्रगति की नियमित समीक्षा और निगरानी करने को कहा। उन्होंने स्पष्ट किया कि IMC गया के विकास कार्यों में गुणवत्ता के साथ किसी प्रकार का समझौता न हो और निर्धारित समयसीमा के भीतर परियोजना के महत्वपूर्ण कार्यों को पूरा किया जाए।
