बिहारशरीफ : सेवा संकल्प अभियान के तहत नालंदा जिले के सभी आंगनबाड़ी केंद्रों पर 29 सितंबर से 1 अक्टूबर 2026 तक विशेष ‘आंगन मिलन’ कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है। कार्यक्रम का उद्देश्य आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से बच्चों, अभिभावकों और समुदाय के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने के साथ-साथ जनभागीदारी को बढ़ावा देना है।

इसी क्रम में जिला प्रोग्राम पदाधिकारी श्रीमती अर्चना कुमारी ने इस्लामपुर प्रखंड में आयोजित ‘आंगन मिलन’ कार्यक्रम में भाग लिया। इस दौरान उत्कृष्ट कार्य करने वाली आंगनबाड़ी सेविकाओं को सम्मानित किया गया। जिला प्रोग्राम पदाधिकारी ने सेविकाओं के कार्यों की सराहना करते हुए विभागीय योजनाओं एवं सेवाओं का लाभ पात्र लोगों तक प्रभावी ढंग से पहुंचाने के लिए प्रोत्साहित किया।
कार्यक्रम में स्कूल पूर्व शिक्षा प्राप्त कर रहे बच्चों का स्वागत किया गया तथा उनके माता-पिता एवं अभिभावकों को आमंत्रित कर बच्चों के पोषण, स्वास्थ्य और विकास से जुड़े विषयों पर संवाद किया गया। इस दौरान लाभार्थी माताओं ने विभिन्न सरकारी योजनाओं से अपने जीवन में आए बदलावों के अनुभव भी साझा किए।

‘आंगन मिलन’ कार्यक्रम में आंगनबाड़ी सेविका, सहायिका, लाभार्थियों और आशा कार्यकर्ताओं का सार्वजनिक अभिनंदन भी किया गया। एएनएम एवं आशा कार्यकर्ताओं के सहयोग से पोषण, स्वास्थ्य, टीकाकरण तथा महिला एवं बाल कल्याण से संबंधित योजनाओं की जानकारी स्थानीय बोलचाल की भाषा में दी गई।
कार्यक्रम के दौरान ईसीसीई (प्रारंभिक बाल्यावस्था देखभाल एवं शिक्षा) गतिविधियों के तहत बच्चों ने खेल, गीत, कहानी और छोटी-छोटी प्रस्तुतियों में हिस्सा लिया। इन गतिविधियों के माध्यम से बच्चों में सीखने की रुचि, रचनात्मकता और सहभागिता को बढ़ावा देने का प्रयास किया गया।
जिला प्रोग्राम पदाधिकारी ने आंगनबाड़ी सेविकाओं को निर्देश दिया कि केंद्रों पर बच्चों के पोषण, स्वास्थ्य, प्रारंभिक बाल विकास और पूर्व-प्राथमिक शिक्षा से संबंधित गतिविधियों का नियमित एवं प्रभावी संचालन सुनिश्चित करें।
जिला प्रशासन ने सेवा संकल्प अभियान के उद्देश्यों के अनुरूप सभी संबंधित कर्मियों को सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने तथा कार्यक्रमों की गतिविधियों का फोटो और वीडियो सहित समुचित दस्तावेजीकरण करने का भी निर्देश दिया है।
नालंदा से संजय कुमार की रिपोर्ट
